इसलामाबाद, पाकिस्तान प्रशासन ने पूर्व अल कायदा सरगना ओसामा बिन लादेन की विधवा पत्नियों व बच्चों को देश छोड़ने की इजाजत दे दी है। मंगलवार को उर्दू समाचार पत्र जंग ने आधिकारिक सूत्रों के हवाले से खबर दी कि लादेन के परिवार को ले जाने के लिए यमन का उनका एक रिश्तेदार पाकिस्तान पहुंच गया है।
कार्रवाई में ओसामा बिन लादेन मारा गया
रिपोर्ट के मुताबिक परिवारजनों की सुरक्षा में पुलिस कमांडो की तैनाती कर दी गई है और अगले दो दिनों में ये लोग पाकिस्तान छोड़ सकते हैं। पिछले साल दो मई को पाकिस्तान के एबटाबाद में अमेरिकी विशेष सुरक्षा बलों की कार्रवाई में ओसामा बिन लादेन मारा गया था। माना जाता है कि पाकिस्तान सैन्य अकादमी के पास स्थित परिसर में वह पिछले पांच वर्षों से रह रहा था।
विधवा पत्नियों से भी पूछताछ की
अमेरिकी कार्रवाई और लादेन की पाकिस्तान में मौजूदगी की जांच कर रहे आयोग ने ओसामा के परिवार के सदस्यों को देश छोड़ने की इजाजत दे दी है। आयोग के सदस्यों ने जांच के दौरान लादेन की विधवा पत्नियों से भी पूछताछ की। गौरतलब है कि ओसामा की तीन विधवा पत्नियां, कई बच्चे व पोते पाकिस्तान सुरक्षा एजेंसियों की हिरासत में हैं। रिपोर्ट के मुताबिक लादेन का रिश्तेदार यमन की दो विधवाओं को ले जाने के लिए कागजात तैयार करने में व्यस्त था।
मकान को ध्वस्त कर दिया गया
हालांकि इस बाबत कोई भी आधिकारिक बयान नहीं आया है। समाचार पत्र ने आगे लिखा है कि एजेंसियों के सुरक्षित ठिकाने से हटाकर लादेन के परिवारवालों को इसलामाबाद में किसी अन्य जगह रखा गया है। खबर यह भी है कि सऊदी प्रशासन ने लादेन की सऊदी विधवा को स्वीकार करने से मना कर दिया है। यमन की एक विधवा के हवाले से मीडिया ने रिपोर्ट दी है कि बिन लादेन पांच सालों से एबटाबाद में रह रहा था। पिछले महीने पाकिस्तान प्रशासन ने लादेन के एबटाबाद स्थित मकान को ध्वस्त कर दिया था। परिसर को देखने के लिए हर रोज सैकड़ों लोग यहां आने लगे थे, इससे अधिकारियों की चिंता बढ़ गई थी। यह परिसर पाकिस्तान सैन्य अकादमी से महज दो किलोमीटर की दूरी पर था।





